अजमेर के लक्ष्मीकांत भगवान मंदिर में 70 लीटर दूध से रुद्राभिषेक, 450 साल पुराने मंदिर में उमड़ा श्रद्धा का माहौल

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अजमेर के अग्रवाल पंचायत गंदतड़ा स्थित श्री लक्ष्मीकांत भगवान मंदिर में धार्मिक आयोजन के तहत भगवान का विशेष अभिषेक किया गया। मंदिर के पुजारी जगदीश प्रसाद शर्मा ने बताया कि श्रद्धालुओं की मनोकामना, आर्थिक उन्नति, वैभव और मांगलिक कार्यों में आने वाली बाधाओं के निवारण की भावना से भगवान का दूध से रुद्राभिषेक किया जा रहा है।

पुजारी जगदीश प्रसाद शर्मा के अनुसार मंदिर में चल रहे अभिषेक के दौरान विभिन्न पदार्थों से भगवान का पूजन किया गया। उन्होंने बताया कि सबसे पहले गन्ने के रस से अभिषेक किया गया और इसके बाद नारियल के पानी से भी अभिषेक किया गया। इसके बाद दूध से रुद्राभिषेक का आयोजन किया गया। :contentReference[oaicite:0]{index=0}

70 लीटर दूध से किया गया अभिषेक

मंदिर में विशेष धार्मिक आयोजन के दौरान भगवान के अभिषेक के लिए करीब 70 लीटर दूध का उपयोग किए जाने की जानकारी वीडियो के शीर्षक में दी गई है। पुजारी ने इस अवसर पर श्रद्धालुओं और दर्शकों के लिए सुख, स्वास्थ्य और निरोगी जीवन की शुभकामनाएं भी दीं। :contentReference[oaicite:1]{index=1}

भगवान के रुद्राभिषेक के साथ सभी दर्शक स्वस्थ और निरोगी रहें, ऐसी मंगलकामना है।

पुजारी जगदीश प्रसाद शर्मा

पुजारी ने बताया कि धार्मिक मान्यताओं के अनुसार वर्तमान नक्षत्र और तिथि के अवसर पर भगवान का अभिषेक किया जा रहा है। उन्होंने आर्थिक उन्नति, वैभव और मांगलिक कार्यों में रुकावट दूर होने जैसी मनोकामनाओं के लिए पूजा-अभिषेक किए जाने की बात कही। :contentReference[oaicite:2]{index=2}

28 तारीख तक अभिषेक और प्रदोष का आयोजन

पुजारी के अनुसार मंदिर में अभिषेक का यह क्रम 28 तारीख तक चलने की बात कही गई है। उन्होंने बताया कि अगले दिन प्रदोष का अवसर भी है और मंदिर में उस दिन अभिषेक का अंतिम आयोजन होने की जानकारी दी गई। :contentReference[oaicite:3]{index=3}

450 साल पुराना है मंदिर

श्री लक्ष्मीकांत भगवान मंदिर की ऐतिहासिकता का उल्लेख करते हुए पुजारी ने बताया कि यह मंदिर करीब 450 साल पुराना है। उन्होंने कहा कि उनका परिवार पिछले आठ पीढ़ियों से मंदिर की सेवा करता आ रहा है। :contentReference[oaicite:4]{index=4}

पुजारी ने स्पष्ट किया कि मंदिर अग्रवाल समाज ट्रस्ट से संबंधित है और यह उनका निजी मंदिर नहीं है। उन्होंने स्वयं को मंदिर का पुजारी बताते हुए लंबे समय से चली आ रही सेवा परंपरा की जानकारी दी। :contentReference[oaicite:5]{index=5}

धार्मिक आयोजन में श्रद्धा के साथ शामिल हुए श्रद्धालु

मंदिर में हुए विशेष अभिषेक के दौरान धार्मिक आस्था और परंपरा का माहौल देखने को मिला। गन्ने के रस, नारियल के पानी और दूध से किए गए अभिषेक के साथ भगवान की पूजा-अर्चना की गई। मंदिर की करीब साढ़े चार शताब्दी पुरानी परंपरा और आठ पीढ़ियों से चली आ रही सेवा भी इस आयोजन को विशेष बनाती है। :contentReference[oaicite:6]{index=6} :contentReference[oaicite:7]{index=7}

अजमेर के अग्रवाल पंचायत गंदतड़ा स्थित श्री लक्ष्मीकांत भगवान मंदिर में आयोजित यह धार्मिक कार्यक्रम श्रद्धालुओं के लिए आस्था का विशेष अवसर रहा। मंदिर से जुड़े पुजारी ने सभी के स्वस्थ और निरोगी रहने की मंगलकामना करते हुए धार्मिक आयोजन की जानकारी साझा की। :contentReference[oaicite:8]{index=8}

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