अजमेर में तृतीय स्केट्स कावड़ यात्रा का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में बच्चों ने उत्साह के साथ भाग लिया। अजमेर की रीजनल चौपाटी से शुरू होने वाली इस अनूठी कावड़ यात्रा में करीब 4 वर्ष से लेकर 12-15 वर्ष तक के बच्चे स्केट्स पहनकर कावड़ लेकर शामिल हुए। बच्चों को हेलमेट, ग्लव्स और नी-पैड सहित सुरक्षा उपकरणों के साथ यात्रा के लिए तैयार किया गया।
कार्यक्रम के दौरान बच्चों में खासा उत्साह देखने को मिला। आयोजकों के अनुसार कई बच्चे सुबह करीब 6:30 बजे ही आयोजन स्थल पर पहुंच गए थे। अभिभावक भी बच्चों के साथ कार्यक्रम में पहुंचे और उन्हें यात्रा के लिए तैयार करने में सहयोग किया। बच्चों ने स्केटिंग के साथ धार्मिक आयोजन में भाग लेने को लेकर खुशी और उत्साह व्यक्त किया। :contentReference[oaicite:0]{index=0} :contentReference[oaicite:1]{index=1}
स्केट्स पर कावड़ लेकर निकले बच्चे
आयोजक अनुपम गोयल के अनुसार यह अजमेर में लगातार तीसरी सामूहिक स्केट्स कावड़ यात्रा है। उन्होंने बताया कि अजमेर में पिछले तीन वर्षों से सामूहिक रूप से स्केट्स के ऊपर कावड़ यात्रा निकाली जा रही है। इस आयोजन में छोटे बच्चों से लेकर किशोर उम्र तक के प्रतिभागी स्केट्स पर कावड़ लेकर यात्रा करते हैं। :contentReference[oaicite:2]{index=2} :contentReference[oaicite:3]{index=3}
इस बार 250 से 300 बच्चों के शामिल होने की उम्मीद है।
अनुपम गोयल, संयोजक
पहली यात्रा में 100 से अधिक बच्चों ने लिया था हिस्सा
अनुपम गोयल ने बताया कि स्केट्स कावड़ यात्रा की शुरुआत एक विचार के रूप में हुई थी। उनके अनुसार पहली यात्रा की तैयारी बेहद कम समय में की गई और उसमें 100 से अधिक बच्चों ने भाग लिया था। दूसरी यात्रा में प्रतिभागियों की संख्या बढ़कर करीब 150 से 200 तक पहुंची और इस बार 250 से 300 बच्चों के शामिल होने की उम्मीद जताई गई। :contentReference[oaicite:4]{index=4} :contentReference[oaicite:5]{index=5}
बच्चों के लिए विशेष व्यवस्थाएं
आयोजकों ने बच्चों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए यात्रा के दौरान विशेष व्यवस्थाएं कीं। बच्चों को कावड़ उपलब्ध कराने के साथ-साथ यात्रा के शुरुआती और समापन स्थल पर रिफ्रेशमेंट की व्यवस्था की गई। आयोजन में भाग लेने वाले बच्चों को प्रमाण पत्र देने की भी व्यवस्था रखी गई। :contentReference[oaicite:6]{index=6}
इस बार बच्चों के लिए एक नई पहल भी की गई। आयोजकों के अनुसार जो बच्चे अपनी कावड़ स्वयं सजाकर लेकर आएंगे, उनमें से 10 बच्चों को पुरस्कृत किया जाएगा। इसका उद्देश्य बच्चों की रचनात्मकता और आयोजन में उनकी सक्रिय भागीदारी को प्रोत्साहित करना बताया गया। :contentReference[oaicite:7]{index=7}
भगवान शिव की झांकी भी रही आकर्षण का केंद्र
स्केट्स कावड़ यात्रा में भगवान शिव की 40 झांकियां भी शामिल होने की जानकारी दी गई। आयोजकों के अनुसार शिव की झांकियों के साथ उनके गणों की अलग-अलग प्रस्तुतियां भी यात्रा का हिस्सा रहेंगी। इससे बच्चों का उत्साह और बढ़ाने की तैयारी की गई। :contentReference[oaicite:8]{index=8}
पुष्कर से लाया गया जल
कावड़ यात्रा के लिए जल पुष्कर से लाया गया। आयोजन स्थल पर बच्चों के लिए कावड़ यात्रा से जुड़ी तैयारियां की गईं और प्रतिभागियों को आवश्यक सामग्री उपलब्ध कराई गई। :contentReference[oaicite:9]{index=9}
खेल और भक्ति का अनूठा संगम
इस आयोजन की खासियत यह रही कि इसमें स्केटिंग और धार्मिक आस्था को एक साथ जोड़ा गया। बच्चों ने स्केट्स के माध्यम से कावड़ यात्रा में भाग लेकर खेल गतिविधि और भक्ति का अनूठा संगम प्रस्तुत किया। आयोजकों के अनुसार स्केटिंग और अन्य खेल गतिविधियों से जुड़े बच्चों को इस तरह के आयोजन के माध्यम से धार्मिक एवं सामाजिक गतिविधियों से जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है। :contentReference[oaicite:10]{index=10} :contentReference[oaicite:11]{index=11}
आयोजन में बच्चों की सुरक्षा और सुविधा पर भी विशेष ध्यान दिया गया। हेलमेट और अन्य सुरक्षा उपकरणों के साथ बच्चों को तैयार किया गया। कार्यक्रम में शामिल प्रतिभागियों और अभिभावकों में उत्साह का माहौल नजर आया।
अजमेर की यह तृतीय स्केट्स कावड़ यात्रा बच्चों की बड़ी भागीदारी और अनोखे आयोजन के चलते आकर्षण का केंद्र बनी। स्केटिंग के साथ कावड़ यात्रा की इस पहल ने खेल और भक्ति को एक साथ जोड़ने का प्रयास किया, जिसमें बच्चों ने पूरे उत्साह के साथ हिस्सा लिया।



